न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
Updated Fri, 14 Aug 2020 12:50 AM IST
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बेंगलुरू में हिंसा के बाद मेरठ में पीएफआई के सदस्यों की तलाश तेज हो गई है। पुलिस के अनुसार 20 दिसंबर 2019 को मेरठ में हुई हिंसा में पीएफआई को आरोपी माना गया था। स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर पीएफआई से जुड़े लोगों को भी तलाश जा रहा है। वहीं स्वतंत्रता दिवस पर आतंकी इनपुट मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं। शहर में चप्पे चप्पे पर पुलिस की पैनी नजर है।
मेरठ में स्वतंत्रता दिवस पर आतंकी इनपुट मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई हैं। अयोध्या में श्रीराम मंदिर के भूमि पूजन के बाद से जनप्रतिनिधियों को इंटरनेट कॉलिंग से धमकी मिल रही हैं। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस भी कड़े इंतजाम कर रही है।
खुफिया विभाग को इनपुट मिला है कि कोरोना महामारी के चलते धार्मिक और सार्वजनिक स्थलों पर कोई त्योहार या कार्यक्रम नहीं मनाए जा रहे हैं। ऐसे में पुलिस भी खास सतर्क नहीं है। शरारती तत्व किसी तरह की गड़बड़ी कर सकते हैं। कोरोना काल से पहले 20 दिसंबर को नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में माहौल बिगाड़ने की साजिश की गई थी।
अयोध्या में श्रीराम मंदिर का कार्यक्रम तय होने के बाद भी आतंकी इनपुट मिल रहे थे। वहीं, इंटरनेट कॉलिंग कर जनप्रतिनिधि और अधिकारियों को भी धमकियां मिल रही हैं। पिछले सप्ताह कई विधायक और सत्ताधारी नेताओं के मोबाइल पर इंटरनेट कॉलिंग के माध्यम से धमकियां मिली हैं। इन सभी को देखते हुए सतर्कता बरती जा रही है।
गुरुवार को शहर में भैसाली और सोहराब गेट बस अड्डे के अलावा होटलों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर पुलिस अधिकारियों ने बम निरोधक दस्ते के साथ चेकिंग अभियान चलाया। होटलों में रुकने वाले लोगों की आईडी चेक की गई।
कैंट विधायक को आई थी इंटरनेट कॉल
कैंट विधायक सत्यप्रकाश अग्रवाल को भी इंटरनेट कॉलिंग के जरिए धमकी भरी कॉल आई थी। कॉलर ने प्रधानमंत्री का नाम लेकर धमकी दी थी। ऐसी कॉल बिजनौर के एसपी और प्रदेश के अन्य जनपदों में भी जनप्रतिनिधियों को आनी बताई जा रही है। कैंट विधायक को मिली धमकी की जांच साइबर सेल से कराई जा रही है। हालांकि अभी तक कुछ भी ऐसी संदिग्ध बातें सामने नहीं आई, जिस पर पुलिस कार्रवाई आगे बढ़ाए।
कड़े इंतजाम किए जा रहे
स्वतंत्रता दिवस पर सुरक्षा के मद्देनजर कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। मेरठ समेत जोन के सभी एसएसपी को निर्देश दिए हैं कि सघन चेकिंग अभियान चलाएं। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। -राजीव सभरवाल, एडीजी मेरठ जोन
सार
- जनप्रतिनिधियों को मिल चुकी इंटरनेट कॉलिंग से धमकी
- शहर में सार्वजनिक स्थलों पर बम निरोधक दस्ते ने की चेकिंग
विस्तार
बेंगलुरू में हिंसा के बाद मेरठ में पीएफआई के सदस्यों की तलाश तेज हो गई है। पुलिस के अनुसार 20 दिसंबर 2019 को मेरठ में हुई हिंसा में पीएफआई को आरोपी माना गया था। स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर पीएफआई से जुड़े लोगों को भी तलाश जा रहा है। वहीं स्वतंत्रता दिवस पर आतंकी इनपुट मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं। शहर में चप्पे चप्पे पर पुलिस की पैनी नजर है।
मेरठ में स्वतंत्रता दिवस पर आतंकी इनपुट मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई हैं। अयोध्या में श्रीराम मंदिर के भूमि पूजन के बाद से जनप्रतिनिधियों को इंटरनेट कॉलिंग से धमकी मिल रही हैं। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस भी कड़े इंतजाम कर रही है।
खुफिया विभाग को इनपुट मिला है कि कोरोना महामारी के चलते धार्मिक और सार्वजनिक स्थलों पर कोई त्योहार या कार्यक्रम नहीं मनाए जा रहे हैं। ऐसे में पुलिस भी खास सतर्क नहीं है। शरारती तत्व किसी तरह की गड़बड़ी कर सकते हैं। कोरोना काल से पहले 20 दिसंबर को नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में माहौल बिगाड़ने की साजिश की गई थी।
अयोध्या में श्रीराम मंदिर का कार्यक्रम तय होने के बाद भी आतंकी इनपुट मिल रहे थे। वहीं, इंटरनेट कॉलिंग कर जनप्रतिनिधि और अधिकारियों को भी धमकियां मिल रही हैं। पिछले सप्ताह कई विधायक और सत्ताधारी नेताओं के मोबाइल पर इंटरनेट कॉलिंग के माध्यम से धमकियां मिली हैं। इन सभी को देखते हुए सतर्कता बरती जा रही है।
गुरुवार को शहर में भैसाली और सोहराब गेट बस अड्डे के अलावा होटलों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर पुलिस अधिकारियों ने बम निरोधक दस्ते के साथ चेकिंग अभियान चलाया। होटलों में रुकने वाले लोगों की आईडी चेक की गई।
कैंट विधायक को आई थी इंटरनेट कॉल
कैंट विधायक सत्यप्रकाश अग्रवाल को भी इंटरनेट कॉलिंग के जरिए धमकी भरी कॉल आई थी। कॉलर ने प्रधानमंत्री का नाम लेकर धमकी दी थी। ऐसी कॉल बिजनौर के एसपी और प्रदेश के अन्य जनपदों में भी जनप्रतिनिधियों को आनी बताई जा रही है। कैंट विधायक को मिली धमकी की जांच साइबर सेल से कराई जा रही है। हालांकि अभी तक कुछ भी ऐसी संदिग्ध बातें सामने नहीं आई, जिस पर पुलिस कार्रवाई आगे बढ़ाए।
कड़े इंतजाम किए जा रहे
स्वतंत्रता दिवस पर सुरक्षा के मद्देनजर कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। मेरठ समेत जोन के सभी एसएसपी को निर्देश दिए हैं कि सघन चेकिंग अभियान चलाएं। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। -राजीव सभरवाल, एडीजी मेरठ जोन
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Fri Aug 14 , 2020
West Bengal on Thursday recorded 2,997 new COVID-19 cases, its highest single-day spike yet, taking its total case tally to 1,07,323. The State also recorded 56 more deaths in the past 24 hours, pushing its cumulative toll to 2,259. Of the latest deaths, 16 were recorded in Kolkata, raising the […]