- बैंडबाजा बजवाकर थानेदार ने पूरे मोहल्ले के लोगों को बताया कि दोनों आरोपी समाज विरोधी हैं
- इश्तहार चिपकाए दो दिन हो गए, लेकिन दोनों अपराधियों ने सरेंडर नहीं किया
दैनिक भास्कर
Jul 13, 2020, 04:14 PM IST
भागलपुर. भागलपुर जिले के बबरगंज थानाक्षेत्र के सिकंदरपुर गांव के लोग उस वक्त अचंभे में पड़ गए जब गांव में अचानक बैंड बाजा बजने लगा। बैंड की आवाज सुन गांव के लोग घर से निकले। वे सोच रहे थे कि कोरोना काल में कौन बैंड बजवा रहा है? किसकी शादी है? अभी तो लग्न भी नहीं है। गांव के लोगों ने देखा कि बाजा राहुल उर्फ नारियल के घर के बाहर बज रहा है, लेकिन जश्न जैसा कोई नजारा नहीं है। बाजा वालों के साथ पुलिस के जवान थे।
घटना शनिवार की है। पुलिसवालों ने इसी तरह महेशपुर के चंदन यादव उर्फ करकू के घर के बाहर भी बाजा बजवाया। राहुल और चंदन अपराधी बाबा के गुर्गा हैं। एससी-एसटी एक्ट से जुड़े एक केस में उक्त दोनों आरोपी पिछले 8 माह से फरार हैं। इसी केस में मुख्य आरोपी गौरव गोस्वामी उर्फ बाबा ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया है। दोनों पकड़ में नहीं आए तो पुलिस उनके घर पर कोर्ट से जारी इश्तहार चिपकाने पहुंची। बैंडबाजा बजवा कर थानेदार ने पूरे मोहल्ले के लोगों को बताया कि दोनों आरोपी समाज विरोधी हैं और केस में फरार हैं।

अब पुलिस कर रही कुर्की जब्ती की तैयारी
कोर्ट से जारी इश्तहार चिपकाए दो दिन हो गए, लेकिन दोनों अपराधियों ने सरेंडर नहीं किया है। इसके चलते अब पुलिस उनके घरों की कुर्की जब्ती की तैयारी कर रही है। पुलिस इसके लिए कोर्ट में अर्जी देने वाली है। गौरतलब है कि 3 दिसंबर 2019 को बाबा और उसके गुर्गों ने मोहद्दीनगर के मलिन बस्ती में अमित और सन्नी के साथ मारपीट की थी। इस मामले में बाबा के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत बबरगंज थाने में केस दर्ज हुआ था। पिटाई में सन्नी और अमित चोटिल हो गया था। सन्नी ने बाबा, करकू, नारियल समेत 15-20 अज्ञात पर मारपीट, जाति सूचक शब्दों का प्रयोग करने और जबरन हथियार थमाने का आरोप लगाकर केस दर्ज किया था।

